Independence Day: 15 अगस्त 2025 का दिन ऐतिहासिक होने जा रहा है। भारत अपने 79वें स्वतंत्रता दिवस (79th Independence Day) का जश्न मनाएगा और इस राष्ट्रीय पर्व का केंद्र होगा दिल्ली का ऐतिहासिक लाल किला (Red Fort)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) एक बार फिर लाल किले की प्राचीर से तिरंगा फहराएंगे और राष्ट्र को संबोधित करेंगे। इस साल के जश्न की थीम ‘नया भारत’ रखी गई है, जो 2047 तक ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में देश की यात्रा को दर्शाएगी।
रक्षा मंत्रालय (Ministry of Defence) के अनुसार, यह समारोह एक समृद्ध, सुरक्षित और साहसी ‘नए भारत’ के निरंतर उदय का प्रतीक होगा और देश को प्रगति के पथ पर और भी तेजी से आगे बढ़ने की नई ऊर्जा प्रदान करेगा।
इस साल कई चीजें पहली बार हो रही हैं जो इस जश्न को और भी खास बना देंगी।
इतिहास में पहली बार, अग्निवीर बजाएंगे राष्ट्रगान
जब प्रधानमंत्री मोदी द्वारा तिरंगा फहराया जाएगा और ‘राष्ट्रीय सलामी’ दी जाएगी, तो वायु सेना का बैंड राष्ट्रगान की धुन बजाएगा। लेकिन इस बार इतिहास रचा जाएगा, क्योंकि पहली बार 11 अग्निवीर वायु संगीतकार (Agniveer Vayu Musicians) इस बैंड का हिस्सा होंगे जो राष्ट्रगान की धुन बजाएंगे। इस बैंड का संचालन जूनियर वारंट ऑफिसर एम. डेका करेंगे।
आसमान से होगी ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की वर्षा
जैसे ही प्रधानमंत्री तिरंगा फहराएंगे, भारतीय वायु सेना के दो Mi-17 हेलीकॉप्टर आसमान से कार्यक्रम स्थल पर फूलों की वर्षा करेंगे। विंग कमांडर विनय पूनिया और विंग कमांडर आदित्य जायसवाल इन हेलीकॉप्टरों का नेतृत्व करेंगे। एक हेलीकॉप्टर पर राष्ट्रीय ध्वज होगा, तो दूसरे पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ (Operation Sindoor) को दर्शाता हुआ एक विशेष ध्वज लहराएगा।
क्या है ‘ऑपरेशन सिंदूर’ जिसकी हर तरफ होगी गूंज?
इस साल के स्वतंत्रता दिवस समारोह का सबसे बड़ा आकर्षण ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता का जश्न है। इस मिशन की महत्ता को हर तरफ प्रदर्शित किया जाएगा:
- ज्ञानपथ पर लगे व्यू कटर पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का लोगो होगा।
- लाल किले पर की जाने वाली फूलों की सजावट भी इसी थीम पर आधारित होगी।
- यहां तक कि मेहमानों को भेजे गए लगभग 5,000 निमंत्रण पत्रों पर भी ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का लोगो और ‘नए भारत’ के उदय को दर्शाते चिनाब ब्रिज (Chenab Bridge) का वॉटरमार्क है।
‘नए भारत’ की तस्वीर बनाएंगे 2500 कैडेट्स
समारोह में भारतीय सेना, नौसेना और वायु सेना के लगभग 2,500 लड़के और लड़कियां एनसीसी कैडेट्स (NCC Cadets) और ‘माई भारत’ के स्वयंसेवक भाग लेंगे। वे लाल किले की प्राचीर के सामने ज्ञानपथ पर इस तरह से बैठेंगे कि ‘नया भारत’ का लोगो बनेगा, जो एक शानदार दृश्य होगा।
प्रधानमंत्री के भाषण के समापन पर, यही एनसीसी कैडेट्स और ‘माई भारत’ के स्वयंसेवक एक साथ राष्ट्रगान गाएंगे।
पहली बार शाम को भी गूंजेगी देशभक्ति की धुन
नागरिकों में देशभक्ति की भावना को और बढ़ावा देने और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की जीत का जश्न मनाने के लिए, पहली बार स्वतंत्रता दिवस की शाम को भी देश भर के 140 से अधिक प्रमुख स्थानों पर रक्षा और अर्धसैनिक बलों के बैंड प्रदर्शन करेंगे। यह कदम देश भर में उत्सव के माहौल को और भी बढ़ा देगा।
Enjoying this post?
Subscribe to Bolbindas to get deep dives like this delivered directly to your inbox .