Yogi Cabinet Meeting: उत्तर प्रदेश की राजनीति और शासन व्यवस्था में मंगलवार का दिन बेहद अहम होने जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में होने वाली कैबिनेट बैठक पर पूरे प्रदेश की नजरें टिकी हैं। सूत्रों की मानें तो सीएम योगी की मेज पर लगभग एक दर्जन (12) महत्वपूर्ण प्रस्ताव रखे जाएंगे, जिन पर मुहर लगते ही आम जनता से लेकर बड़े कारोबारियों तक को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
गिफ्ट डीड (Gift Deed) पर ऐतिहासिक फैसला संभव
इस बैठक का सबसे चर्चित और बहुप्रतीक्षित मुद्दा ‘गिफ्ट डीड’ में छूट का विस्तार है। अभी तक योगी सरकार ने आवासीय और कृषि भूमि को परिवार के सदस्यों के नाम करने (गिफ्ट करने) पर केवल ₹5000 के स्टांप शुल्क की सुविधा दी थी। लेकिन अब खबर है कि सरकार व्यावसायिक और औद्योगिक भूमि को भी इस दायरे में लाने जा रही है। अगर यह प्रस्ताव पास होता है, तो परिवारों के भीतर करोड़ों की दुकानों, शोरूम और फैक्ट्रियों का ट्रांसफर महज ₹5000 में हो सकेगा। इससे न केवल पारिवारिक विवाद कम होंगे, बल्कि संपत्तियों का कानूनी हस्तांतरण भी आसान हो जाएगा।
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उद्योगों के लिए बिछेगा रेड कारपेट
उत्तर प्रदेश को ‘ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी’ बनाने की दिशा में सरकार एक और बड़ा कदम उठाने जा रही है। उद्योग विभाग द्वारा तैयार की गई ‘उत्तर प्रदेश वैश्विक क्षमता केंद्र (GCC) नीति’ की नियमावली को कैबिनेट की हरी झंडी मिल सकती है। साथ ही, सेमीकंडक्टर नीति में संशोधन के प्रस्ताव पर भी चर्चा होगी। इससे राज्य में हाई-टेक कंपनियों के आने का रास्ता साफ होगा और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
झांसी, कुशीनगर और पीलीभीत को सौगात
प्रशासनिक व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए झांसी और कुशीनगर में नए उप निबंधक (Sub-Registrar) कार्यालयों के लिए जमीन आवंटन का मुद्दा भी बैठक में शामिल है। वहीं, पीलीभीत के लोगों के लिए खुशखबरी आ सकती है, क्योंकि वहां एक आधुनिक बस स्टेशन के निर्माण के लिए भूमि उपलब्ध कराने के प्रस्ताव पर मुहर लग सकती है।
सेहत और सड़कों पर भी नजर
आम आदमी के जीवन से जुड़े स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे (Infrastructure) पर भी सरकार गंभीर है। लोक निर्माण विभाग (PWD) की नई सड़कों, पुराने पुलों की मरम्मत और नए टेंडर की प्रक्रिया को गति देने के लिए बजट आवंटन पर फैसला होगा। इसके अलावा, नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना और सरकारी अस्पतालों में दवाओं की किल्लत दूर करने जैसे महत्वपूर्ण स्वास्थ्य संबंधी प्रस्तावों को भी मंजूरी मिलने की पूरी संभावना है।
स्टांप पेपर पर नया नियम?
बैठक में एक और छोटा लेकिन महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकता है। ₹500 तक के स्टांप पेपर की बिक्री पर ‘यूजर चार्ज’ लेने का निर्णय लिया जा सकता है, जिससे स्टांप की उपलब्धता और प्रक्रिया में सुधार की उम्मीद है। कुल मिलाकर, मंगलवार की यह बैठक केवल कागजी कार्यवाही नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के विकास की नई पटकथा लिखने वाली साबित हो सकती है।
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